साभार: जागरण समाचार
मुंबई बम ब्लास्ट मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे कुख्यात अपराधी अबू सलेम की सोमवार को लखनऊ सीबीआइ कोर्ट में पेशी के दौरान उसके दो गुर्गो को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों ने पेशी के दौरान कोर्ट में
जबरन अबू सलेम से मिलने का प्रयास किया। पुलिस के रोकने पर धक्का मुक्की की और पुलिसकर्मियों को जान से मारने की धमकी दी। दोनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।
इंस्पेक्टर कैसरबाग डीके उपाध्याय के मुताबिक, पकड़े गए अभियुक्तों में आजमगढ़ के मुबारकपुर थाना क्षेत्र स्थित हैदराबाद निवासी सालिक व यहीं के सरायमीर थाना क्षेत्र स्थित पठान टोला निवासी आरिफ शामिल हैं। सालिक अबू सलेम का सगा भांजा और आरिफ भतीजा है। कलेक्ट्रेट चौकी प्रभारी परमहंस की तहरीर पर दोनों के खिलाफ पहले कैसरबाग कोतवाली में सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, धमकी समेत आइपीसी की अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था, लेकिन इन धाराओं में सजा सालभर से कम की बनती थी। इससे आरोपितों को न्यायालय से जमानत मिल जाती और वह रिहा हो जाते। ऐसे में इंस्पेक्टर कैसरबाग ने उच्चाधिकारियों को पूरे मामले से अवगत कराया। इसके बाद शांति व्यवस्था भंग करने की धारा बढ़ाकर उन्हें जेल भेजा गया। दरअसल पुलिस कोर्ट व उसके आसपास अबू सलेम को लेकर चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी बीच सालिक और आरिफ भी कोर्ट पहुंच गए और पेशी से पहले अबू सलेम से मिलने का प्रयास किया। दोनों संदिग्धों को देखकर पुलिस अलर्ट हुई और उनसे पूछताछ शुरू कर दी। इस पर दोनों ने पुलिस को धमकी देते हुए कहा कि अबू सलेम से मिलने दो, नहीं तो अंजाम अच्छा नहीं होगा। इसके बाद दोनों को कैसरबाग थाने की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उनको छुड़वाने के लिए कुछ वकील कोतवाली से लेकर कोर्ट तक चक्कर काटते रहे, लेकिन आखिरकार दोनों गुर्गो को जेल भेज दिया।’