Sunday, November 19, 2017

राज्यसभा में सचिन की उपस्थिति 7% और रेखा की 5%, दोनों की छुट्टी की 3 अर्जियां

साभार: भास्कर समाचार
क्रिकेटर सचिन तेंडुलकर और अभिनेत्री रेखा की राज्यसभा सदस्यता का कार्यकाल अब करीब छह महीने ही बचा है। उपस्थिति के मामले में दोनों सबसे पीछे हैं। लेकिन इतनी बार गैर हाजिर रहने के बावजूद इन साढ़े पांच
वर्षों के कार्यकाल में सचिन ने केवल दो बार और रेखा ने एक बार ही राज्यसभा में छुट्टी की अर्जी दी है। यह जानकारी राज्यसभा के सचिवालय द्वारा एक आरटीआई के जवाब में दी गई है। 24 अप्रैल, 2012 से अगस्त, 2017 के बीच सचिन सदन की 373 में से सिर्फ 25 बैठकों में शामिल हुए। उनकी उपस्थिति 7 फीसदी है। वहीं रेखा केवल 18 बैठकों में शामिल हुई हैं। उनकी उपस्थिति 5 फीसदी है। राज्यसभा के अंतिम अायोजित सत्र अगस्त 2017 तक सचिन ने 22 सवाल पूछे, लेकिन रेखा ने साढ़े पांच साल में सदन में एक शब्द भी नहीं कहा। इस दौरान सचिन ने सिर्फ दो बार सदन में छुट्टी के लिए आवेदन दिया। पहली बार मार्च, 2013 में जब उन्होंने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास नहीं लिया था। दूसरी बार अगस्त, 2014 में पारिवारिक और पेशेवर कारणों से उन्होंने छुट्टी का आवेदन दिया था। वहीं, रेखा की एकमात्र लीव एप्लीकेशन फरवरी, 2013 में आई थी और उन्होंने इसकी वजह शूटिंग बताई थी। तेंडुलकर के अंतिम लीव एप्लीकेशन के बाद राज्यसभा की 211 बैठकें हुई हैं। सचिन इनमें से 22 बैठकों में ही शामिल हुए हैं, लेकिन छुट्टी के लिए आवेदन नहीं दिया। वहीं रेखा की छुट्टी की अर्जी के बाद से सदन की 295 बैठकें हो चुकी हैं और वे सिर्फ 15 में शामिल हुई हैं। मनोनयन के बाद से सदन के किसी भी सत्र में उनकी उपस्थिति 20 फीसदी के करीब भी नहीं है। वैसे नियम के अनुसार यदि कोई सदस्य बिना अनुमति के लगातार 60 दिन तक सदन से बाहर रहता है, तो उसे अयोग्य ठहराया जा सकता है। लेकिन सचिन और रेखा दोनों हर सत्र में एक-दो दिन शामिल होते रहे और कभी भी 60 दिनों तक लगातार अनुपस्थित नहीं रहे, इसलिए वे सदस्यता बचाने में सफल रहे। अप्रैल, 2014 में राज्यसभा में मनोनीत किए जाने के बाद से सदन के 22 सत्र हुए हैं।