Saturday, October 28, 2017

हरियाणा में आउटसोर्सिंग की भर्तियों में भी मिलेगा आरक्षण, सीएस ने विभागों को जारी किए आदेश

साभार: भास्कर समाचार
हरियाणा में आउटसोर्सिंग पॉलिसी (पार्ट-2) के तहत विभिन्न सरकारी पदों पर होने वाली नियुक्तियों में भी आरक्षण का लाभ दिया जाएगा। अस्थायी तौर पर की जाने वाली इन नियुक्तियों में आरक्षण का लाभ देने के
लिए मुख्य सचिव डीएस ढेसी की ओर से आदेश जारी कर दिए गए हैं। इस पॉलिसी के तहत नौकरी पूरी तरह अस्थायी होगी। नियमित भर्ती के बाद अस्थायी कर्मचारी को हटा दिया जाएगा। विपक्ष के नेता अभय चौटाला समेत कई विधायकों ने आउटसोर्सिंग पॉलिसी के तहत दी जाने वाली अस्थायी नौकरियों में भी एससी/बीसी के युवाओं को आरक्षण के लाभ की मांग की थी। 
कर्मचारी संगठनों का कहना है कि अभी भी आउटसोर्सिंग पॉलिसी पार्ट-2 के तहत 35 से 40 हजार और पॉलिसी पार्ट-1 के तहत करीब 15000 कर्मचारी लगे हुए हैं। अब ये उम्र के उस पड़ाव पर पहुंच चुके हैं, जिन्हें दूसरा रोजगार भी नहीं मिल सकता है। इन्हें स्थायी करने की मांग की जा रही है। कर्मचारी संघों ने आशंका जताई है कि सरकार इस पॉलिसी के जरिए पुराने कर्मचारियों को हटाकर अपने चहेतों को एडजस्ट करना चाहती है। ताकि 2-3 साल बाद वे भी नियमित होने का दावा कर सकें। वहीं, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अशोक तंवर का कहना है कि सरकार बैक डोर से अपने चहेतों को सरकारी नौकरियों में एडजस्ट कर रही है।